Asian Vivekanand 1st Annual Drawing Competition

एशियन विवेकानंद सुपर स्पेश्यालिटी अस्पताल ने अपने प्रांगण में चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया। अस्पताल के चेयरमैन व निदेशक डॉ.एन.के पांडे, डाॅ. प्रशांत पांडे, डाॅ. हिलाल अहममद, एशियन विवेकानंद सुपर स्पेश्यालिटी अस्पताल के ट्रस्टीज़ डाॅ. देव प्रकाश मनचंदा, विनोद खन्ना, केवल कृष्ण खोसला ,जज ज्योति भटनागर, मनी अग्रवाल और डाॅ. मंजू सिंह ने बच्चों की कल्पनाओं को काफी सराहा। इस प्रतियोगिता में मुरादाबाद, अमरोहा, कांठ, काशीपुर, रामपुर और गाजियाबाद के 750 बच्चों ने भाग लिया। जिसमें 5 से 8 वर्ष की आयु के बच्चों को प्रथम श्रेणी में, 9 से 12 वर्ष के बच्चों को दूसरी श्रेणी में और 13 से 16 वर्ष के बच्चों को तीसरी श्रेणी में रखा गया। इस प्रतियोगिता में भाग लेने वाले बच्चों को थीम दी गई। प्रथम श्रेणी के बच्चों ने मेरा पंसदीदा कार्टून, दूसरी श्रेणी केे बच्चों नेे स्वास्थ्य पर प्रदूषण का प्रभाव और तीसरी श्रेणी के बच्चों ने बेटी- बचाओ, बेटी पढ़ाओ थीम को कागज पर उकेरा। उन्होंने अपनी पेंटिंग के माध्यम से लोगों को साफ-सफाई, पानी बचाने और बेटी बचाने का संदेश दिया। प्रथम विजेताओं को 5 हजार रुपये इनामी राशि के रूप में चैक दिए गए। 13-16 ग्रुप के दिशांत 9-12 ग्रुप की आयुष और 5-8 आयुवर्ग में अयान ने बाजी मारी। द्वितीय स्थान प्राप्त करने वाले विजेताओं को 3 हजार रुपये की नकद राशि का इनाम दिया गया। इनमें 13-16 ग्रुप के विशाखा 9-12 ग्रुप आदित और 5-8 आयुवर्ग की मृत्युंजय ने दूसरा स्थान प्राप्त किया। तीसरा स्थान प्राप्त करने वाले बच्चों को 15 सौ रुपये के चैक इनाम के रूप में दिए। 13-16 ग्रुप के कोमल 9-12 ग्रुप की हर्ष और 5-8 आयुवर्ग की -वशिका ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। एशियन विवेकानंद सुपर स्पेश्यालिटी अस्पताल द्वारा आयोजित प्रतियोगिता में प्रत्येक श्रेणी में तीन-तीन अन्य प्रतिभागियों को सांत्वना पुरस्कार के रूप में 500 रुपये की नकद राशि देकर सम्मानित किया गया। प्रतियोगिता में भाग लेने वाले सभी प्रतिभागियों को एशियन टी-शर्ट, बैग, रिफ्रेशमेंट और प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। एशियन अस्पताल के चेयरमैन डॉ. एन.के पांडे ने बच्चों की कला की बहुत सराहना की प्रतिभागियों को पुरस्कार और प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया। साथ ही यह भी कहा कि बच्चों के अंदर छुपी कला को प्रदर्शित करने का यह एक आसान तरीका है। एशियन विवेकानंद अस्पताल ने पहली बार इस प्रतियोगिता का आयोजन किया है, लेकिन भविष्य में भी इस प्रकार के कार्यक्रम आयोजित किए जाते रहेंगे, ताकि बच्चों को अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकें।